ईपीएफओ पीएफ ऑनलाइन निकासी एवं एडवांस क्लेम गाइड: फॉर्म 19, 10C और 31
द्वारा शिवम तिवारी, संस्थापक, फॉर्मसूत्र · अपडेट: September 2026 · 8 min read
फुल एवं फाइनल पीएफ सेटलमेंट, पेंशन निकासी, गैर-वापसी योग्य इमरजेंसी एडवांस, यूएएन बैंक केवाईसी एवं टीडीएस (TDS) से बचने की संपूर्ण प्रक्रिया।
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के नियमों के अनुसार अब कोई भी कर्मचारी बिना नियोक्ता (कंपनी) के हस्ताक्षर के घर बैठे ऑनलाइन पीएफ निकाल सकता है, बशर्ते उसका यूएएन (UAN) सक्रिय हो और आधार व बैंक खाते से लिंक हो।
मुख्य जानकारी
| सक्षम विभाग | कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) |
|---|---|
| ऑनलाइन पोर्टल | unifiedportal-mem.epfindia.gov.in |
| फॉर्म 19 का उद्देश्य | पूर्ण पीएफ फाइनल सेटलमेंट (नौकरी छोड़ने के बाद) |
| फॉर्म 10C का उद्देश्य | पेंशन फंड (EPS) निकासी (10 वर्ष से कम सेवा) |
| फॉर्म 31 का उद्देश्य | आपातकालीन पीएफ एडवांस (नौकरी में रहते हुए) |
| बैंक में पैसा आने का समय | 3 से 10 कार्य दिवस |
चरण-दर-चरण प्रक्रिया
पूर्व शर्तें: यूएएन, आधार और बैंक खाता केवाईसी जांचें
यूनिफाइड मेंबर पोर्टल पर लॉगिन करें। 'Manage' टैब में जाकर सुनिश्चित करें कि: • आधार सफलतापूर्वक लिंक और सत्यापित है। • बैंक खाता संख्या व आईएफएससी कोड नियोक्ता द्वारा अप्रूव किया जा चुका है। • नौकरी छोड़ने की स्थिति में 'Service History' में Date of Exit (नौकरी छोड़ने की तारीख) दर्ज है।
आवश्यकतानुसार सही ऑनलाइन क्लेम फॉर्म चुनें
'Online Services' -> 'Claim (Form-31, 19, 10C & 10D)' पर जाएं: • फॉर्म 19: नौकरी छूटने पर 75% तुरंत अथवा 12 महीने की बेरोजगारी के बाद पूर्ण पीएफ सेटलमेंट के लिए (55 वर्ष पर सेवानिवृत्ति पर पूर्ण निकासी)। • फॉर्म 10C: 10 वर्ष से कम सेवा होने पर 36 महीने की बेरोजगारी के बाद पेंशन (EPS) राशि निकालने अथवा स्कीम सर्टिफिकेट हेतु। • फॉर्म 31: नौकरी में रहते हुए बीमारी, मकान निर्माण, शादी आदि के लिए गैर-वापसी योग्य अग्रिम लेने के लिए।
टीडीएस (TDS) कटौती से बचने हेतु फॉर्म 15G / 15H अपलोड करें
आयकर अधिनियम की धारा 192A के अनुसार यदि आपकी कुल सेवा 5 वर्ष से कम है और निकाली जाने वाली राशि ₹50,000 से अधिक है, तो 10% से 34% तक टीडीएस कट सकता है। यदि आपकी कुल वार्षिक आय करमुक्त सीमा के भीतर है, तो फॉर्म 15G (वरिष्ठ नागरिकों हेतु 15H) भरकर पीडीएफ अपलोड करें ताकि पूरा पैसा बिना टैक्स कटे मिले।
हस्ताक्षरित चेक अथवा पासबुक की साफ प्रति अपलोड करें
अपने बैंक चेक पर 'CANCELLED' लिखकर या बैंक पासबुक के प्रथम पृष्ठ की साफ रंगीन स्कैन कॉपी (100 KB से 500 KB के बीच) अपलोड करें। ध्यान रहे कि चेक पर आपका नाम, खाता संख्या और IFSC कोड स्पष्ट मुद्रित (Printed) होना चाहिए।
आधार ओटीपी से प्रमाणित कर सबमिट करें
'Get Aadhaar OTP' पर क्लिक करें। आधार से जुड़े मोबाइल पर प्राप्त 6 अंकों का ओटीपी दर्ज करें। सत्यापन होते ही आपको पावती रसीद (Acknowledgment Slip) और ट्रैकिंग आईडी प्राप्त हो जाएगी।
आवश्यक दस्तावेज
- सक्रिय यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) एवं पासवर्ड
- आधार से लिंक चालू मोबाइल नंबर (ओटीपी प्राप्त करने हेतु)
- ईपीएफओ में सत्यापित बैंक खाता (जिसमें सदस्य का नाम अक्षरशः मेल खाता हो)
- कैंसिल्ड चेक की स्कैन कॉपी (जिस पर नाम छपा हो) या बैंक मुहर युक्त पासबुक
- नौकरी छोड़ने की तिथि (Date of Exit) प्रोफाइल में दर्ज होनी चाहिए
- फॉर्म 15G / 15H (यदि सेवा 5 वर्ष से कम और राशि ₹50,000 से अधिक हो)
- पैन कार्ड ईपीएफओ पोर्टल पर लिंक होना चाहिए
स्टांप पेपर और नोटरी नियम
ईपीएफओ के ऑनलाइन क्लेम हेतु किसी स्टाम्प पेपर की आवश्यकता नहीं होती। केवल ऑफलाइन संयुक्त घोषणा (Joint Declaration) द्वारा नाम या जन्मतिथि सुधारने के मामलों में मजिस्ट्रेट शपथ पत्र की मांग की जा सकती है।
आधिकारिक पोर्टल और लिंक
- ईपीएफओ सुधार प्रेस विज्ञप्ति (अक्टूबर 2025)
- ईपीएफओ यूनिफाइड मेंबर पोर्टल
- ईपीएफओ मुख्य आधिकारिक वेबसाइट
- ईपीएफओ शिकायत निवारण पोर्टल (EPFiGMS)
आम गलतियाँ और उनसे बचने के उपाय
- बिना नाम छपा हुआ चेक लगाना: जिस चेक पर बैंक द्वारा खाताधारक का नाम पहले से प्रिंट नहीं होता, उसे ईपीएफओ सॉफ्टवेयर तुरंत रिजेक्ट कर देता है।
- Date of Exit दर्ज होने से पहले फॉर्म 19 भरना: यदि पुरानी कंपनी ने पोर्टल पर आपके हटने की तारीख नहीं डाली है, तो फॉर्म 19 का विकल्प नहीं खुलेगा।
- 5 वर्ष से कम सेवा पर 15G न लगाना: फॉर्म 15G न लगाने पर पीएफ राशि में से सीधे 10% से 34% टैक्स कट जाता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
ऑनलाइन क्लेम सबमिट करने के कितने दिन बाद बैंक खाते में पैसा आता है?
ऑटो-सेटलमेंट प्रणाली के तहत सभी दस्तावेज सही होने पर सामान्यतः 3 से 7 कार्य दिवसों के भीतर एनईएफटी (NEFT) द्वारा सीधे बैंक खाते में राशि जमा हो जाती है।
क्या नौकरी करते हुए भी पीएफ का पैसा निकाला जा सकता है?
हाँ, नौकरी के दौरान पूरा पीएफ नहीं निकाला जा सकता लेकिन फॉर्म 31 के माध्यम से गंभीर बीमारी, स्वयं या बच्चों की शादी, मकान की मरम्मत अथवा खरीद के लिए अग्रिम (Advance) निकाला जा सकता है जिसे वापस नहीं करना होता।